मुझे ठीक से नींद नहीं आती। ऐसा क्यों होता है? और नींद ना आने के कारणों के बारे में भी जानकारी प्रदान करें?
चिंता, अवसाद और डिप्रेशन नींद न आने की एक बड़ी वजह है। डिप्रेशन और नकारात्मक सोच के कारण भी नींद नहीं आती है। मानसिक और भावनात्मक असुरक्षा भी अनिद्रा की एक बड़ी वजह है। ऐसे में समय पर सोने और जागने की आदत डालें। चिंता और अवसाद को अपने आसपास फटकने न दें। अच्छे दोस्त बनाएं। अकेलेपन से दूर रहें। रात को ये टेंशन लेकर न सोएं कि अभी ये काम करना तो बाकी रह गया।
नींद ना आना अर्थात अनिद्रा के लक्षण समय के साथ बदलते रहते हैं। चिकित्सा विज्ञान में अनिद्रा या इनसोम्निया को दो श्रेणियों में विभक्त किया गया है। यदि दो सप्ताह से यह शिकायत हो रही है तो इसे शार्ट टर्म इनसोम्निया या ट्रांजिट इनसोम्निया कहते हैं। जब यही शिकायत महीनों पुरानी होती है, तब इसमें क्रोनिक इनसोम्निया कहते हैं। थोड़े दिनों के लिए होने वाली अनिद्रा मुख्यत: मानसिक तनाव की वजह से होती है। जैसे, परिवार में किसी अप्रिय घटना, शारीरिक दर्द या फिर लंबी यात्रा के कारण कई-कई दिनों तक नींद नहीं आती। अनिंद्रा से बचने के लिए प्रतिदिन मालिश करना शुरू करें। रात को पांव धोना न भूलें। पांव पोंछकर तेल भी लगाएं। सिर में तेल की मालिश सोने से पूर्व करना ठीक रहेगा।
चिंता, अवसाद और डिप्रेशन नींद न आने की एक बड़ी वजह है। डिप्रेशन और नकारात्मक सोच के कारण भी नींद नहीं आती है। मानसिक और भावनात्मक असुरक्षा भी अनिद्रा की एक बड़ी वजह है। ऐसे में समय पर सोने और जागने की आदत डालें। चिंता और अवसाद को अपने आसपास फटकने न दें। अच्छे दोस्त बनाएं। अकेलेपन से दूर रहें। रात को ये टेंशन लेकर न सोएं कि अभी ये काम करना तो बाकी रह गया।
नींद ना आना अर्थात अनिद्रा के लक्षण समय के साथ बदलते रहते हैं। चिकित्सा विज्ञान में अनिद्रा या इनसोम्निया को दो श्रेणियों में विभक्त किया गया है। यदि दो सप्ताह से यह शिकायत हो रही है तो इसे शार्ट टर्म इनसोम्निया या ट्रांजिट इनसोम्निया कहते हैं। जब यही शिकायत महीनों पुरानी होती है, तब इसमें क्रोनिक इनसोम्निया कहते हैं। थोड़े दिनों के लिए होने वाली अनिद्रा मुख्यत: मानसिक तनाव की वजह से होती है। जैसे, परिवार में किसी अप्रिय घटना, शारीरिक दर्द या फिर लंबी यात्रा के कारण कई-कई दिनों तक नींद नहीं आती। अनिंद्रा से बचने के लिए प्रतिदिन मालिश करना शुरू करें। रात को पांव धोना न भूलें। पांव पोंछकर तेल भी लगाएं। सिर में तेल की मालिश सोने से पूर्व करना ठीक रहेगा।
नींद
ना आना अर्थात अनिद्रा के लक्षण समय के साथ बदलते रहते हैं। चिकित्सा
विज्ञान में अनिद्रा या इनसोम्निया को दो श्रेणियों में विभक्त किया गया
है। यदि दो सप्ताह से यह शिकायत हो रही है तो इसे शार्ट टर्म इनसोम्निया या
ट्रांजिट इनसोम्निया कहते हैं। जब यही शिकायत महीनों पुरानी होती है, तब
इसमें क्रोनिक इनसोम्निया कहते हैं। थोड़े दिनों के लिए होने वाली अनिद्रा
मुख्यत: मानसिक तनाव की वजह से होती है। जैसे, परिवार में किसी अप्रिय
घटना, शारीरिक दर्द या फिर लंबी यात्रा के कारण कई-कई दिनों तक नींद नहीं
आती। अनिंद्रा से बचने के लिए प्रतिदिन मालिश करना शुरू करें। रात को पांव
धोना न भूलें। पांव पोंछकर तेल भी लगाएं। सिर में तेल की मालिश सोने से
पूर्व करना ठीक रहेगा। - See more at:
http://www.onlymyhealth.com/health-questions-answers-hindi/what-is-insomnia-in-hindi-31247#sthash.a9jTd8aK.dpuf
No comments:
Post a Comment